बिजली चोरी रोकने के लिए यूपी सरकार का बड़ा कदम, 868 पुलिसकर्मी होंगे तैनात।

बिजली चोरी रोकने के लिए यूपी सरकार का बड़ा कदम, 868 पुलिसकर्मी होंगे तैनात।
लखनऊ।
उत्तर प्रदेश में लगातार बढ़ रही बिजली चोरी की घटनाओं पर अब सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। राज्य सरकार ने पावर कॉरपोरेशन के अनुरोध पर एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है, जिसके तहत पुलिस विभाग की सीधी भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
डीजीपी राजीव कृष्णा ने आदेश जारी करते हुए स्पष्ट किया है कि कुल 868 पुलिसकर्मियों को डिप्यूटेशन पर पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड में भेजा जाएगा। यह बल पूरे प्रदेश में अलग-अलग ज़िलों में बिजली विभाग की टीमों के साथ मिलकर काम करेगा।
इन पुलिसकर्मियों की ड्यूटी दो वर्षों तक बिजली चोरी रोकने, छापेमारी के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने और अवैध कनेक्शनों पर कार्रवाई करने पर केंद्रित होगी। इससे बिजली विभाग को न सिर्फ सुरक्षा मिलेगी, बल्कि चोरी रोकने की मुहिम को गति भी मिलेगी।
बिजली चोरी प्रदेश सरकार और बिजली विभाग के लिए लंबे समय से चुनौती बनी हुई है। विभागीय आंकड़ों के मुताबिक, लाखों यूनिट बिजली हर महीने चोरी की वजह से बर्बाद होती है, जिससे राजस्व का भारी नुकसान होता है। इस कारण बिजली आपूर्ति और उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त भार पड़ता है।
सरकार का मानना है कि पुलिसकर्मियों की तैनाती से छापेमारी और अभियानों को मजबूती मिलेगी। अब तक विभागीय अधिकारी अकेले ही कार्रवाई करते थे, जिस दौरान कई बार विरोध और हिंसक घटनाएं सामने आती थीं। पुलिस बल के सहयोग से यह अभियान और अधिक सुरक्षित और प्रभावी हो जाएगा।
डीजीपी ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि पुलिसकर्मी पूरी ईमानदारी और सख्ती के साथ बिजली विभाग की टीमों की मदद करें और सुनिश्चित करें कि चोरी के मामलों पर तुरंत कार्रवाई हो।
इस कदम से जहां बिजली चोरी पर रोक लगेगी, वहीं राज्य सरकार को राजस्व बढ़ाने में भी मदद मिलेगी।



